रेल रोको अभियान: पुलिस और किसानों में हुई धक्का-मुक्की, पटरी पर हुक्का पी रहे है किसान

रेल रोको अभियान:  पुलिस और किसानों में हुई धक्का-मुक्की, पटरी पर हुक्का पी रहे है किसान

केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ 40 किसान संगठनों के शीर्ष नेतृत्व संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर आज यानी बृहस्पतिवार को 12 बजे से 4 बजे के बीच देशभर में रेल का चक्का जाम किया जा रहा है। पटना से लेकर दिल्ली और अंबाला तक में रेल रोको आंदोलन का असर दिखना शुरू हो गया है। पटना में ट्रेनें रोकी गईं हैं, वहीं दिल्ली में कई मेट्रो स्टेशनों को बंद किया गया है। माना जा रहा है कि किसानों के रेल रोको आंदोलन का सबसे अधिक असर दिल्ली-मुंबई, दिल्ली-जम्मू, दिल्ली-भोपाल, व दिल्ली-हावड़ा रूट पर पड़ने की उम्मीद है। वहीं, रेल मंत्रालय ने अलर्ट जारी कर दिया है। इसके अलावा, सुरक्षा के मद्देनजर आरपीएफ-जीआरपी के जवानों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं और अतिरिक्त बलों की तैनाती की है।

संयुक्त किसान मोर्चा के रेल रोको आंदोलन में कर्नाटक के किसान भी शामिल हुए हैं। यशवंतपुर रेलवे स्टेशन पर कई किसान संगठनों के सदस्यों ने नारेबाजी की और कृषि कानूनों को वापस लिए जाने की मांग की।

रांची में कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) के कार्यकर्ताओं ने चार घंटे के रेल रोको प्रदर्शन के दौरान पटरियों को ब्लॉक कर दिया। सीपीआई-एम के कार्यकर्ता कृषि कानूनों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पटरियों पर चलते रहे।

हरियाणा के सोनीपत में भी बड़ी संख्या में किसान पटरियों पर बैठे हैं। रोलों की आवाजाही रोक दी गई है। पटरियों पर जमे कई किसान आराम से हुक्का पीते नजर आए।